धमतरी(भटगांव)। सहकारिता सप्ताह के अवसर पर महिला नवीन बुनकर सहकारी समिति मर्यादित, भटगांव के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एवं पूर्व जनपद अध्यक्ष ऋषभ देवांगन ने कहा कि सहकारिता केवल एक संस्था नहीं, बल्कि सामाजिक एवं आर्थिक आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम है। महिला बुनकरों को संगठित कर सहकारी व्यवस्था से जोड़ना स्थानीय रोजगार, पारंपरिक बुनकरी कला के

संरक्षण तथा महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।ऋषभ देवांगन ने कहा कि जब महिलाएं संगठित होकर सहकारिता के माध्यम से कार्य करती हैं, तब केवल उनकी आर्थिक स्थिति ही सुदृढ़ नहीं होती, बल्कि परिवार और समाज भी मजबूत बनते हैं। उन्होंने कहा कि सहकारिता की भावना आपसी विश्वास, सहभागिता और सामूहिक विकास पर आधारित है। यदि महिलाएं संगठित होकर आगे बढ़ेंगी तो गांव, समाज और क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि महिला नवीन बुनकर सहकारी समिति मर्यादित, भटगांव भविष्य में क्षेत्र की महिला बुनकरों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी तथा उन्हें स्वरोजगार, आत्मनिर्भरता और सम्मानजनक आजीविका के नए अवसर उपलब्ध कराएगी।कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि डॉ. अनंत दीक्षित, जिला सहकारी संघ अधिकारी आनंद गुप्ता, जनपद सदस्य जयन्ती ध्रुव तथा ग्राम सरपंच फागूराम साहू ने भी अपने उद्बोधन में सहकारिता आंदोलन को ग्रामीण विकास एवं महिला सशक्तिकरण का प्रभावी माध्यम बताते हुए

समिति की इस पहल की सराहना की और इसके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।समिति अध्यक्ष दीप्ति देवांगन ने समिति के गठन के उद्देश्य, भावी कार्ययोजना तथा महिला बुनकरों को संगठित कर आत्मनिर्भर बनाने के लिए किए जाने वाले प्रयासों की जानकारी दी तथा सभी अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त किया।इस अवसर पर हेमराम ध्रुव, उमेश महाजन, हिरेश देवांगन, टिक्की देवांगन, मोहित देवांगन सहित बड़ी संख्या में महिला बुनकर एवं ग्रामीण महिलाएं उपस्थित थीं।सहकारिता सप्ताह के उपलक्ष्य में अतिथियों एवं समिति के पदाधिकारियों द्वारा पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए पौधारोपण भी किया गया।




